Divyasanatan — दिव्यसनातन
    भक्ति
    हिंदी

    भागवत-रत्न प्रह्लाद

    भागवत-रत्न प्रह्लाद भक्त प्रह्लाद की अटूट विष्णुभक्ति, हिरण्यकशिपु के अत्याचार और भगवान नृसिंह की दिव्य रक्षा की प्रेरक कथा है।

    द्वारा भागवत परंपरा2026-09-01Bhagavat Ratna Prahlad

    DivyaSanatan लेख

    मुख्य लेख

    भागवत-रत्न प्रह्लाद भक्त प्रह्लाद की प्रसिद्ध कथा और उनकी भगवान विष्णु के प्रति अटूट भक्ति से संबंधित भक्तिपरक ग्रंथ है। प्रह्लाद का चरित्र श्रीमद्भागवत परंपरा में निष्ठा, निर्भयता और शरणागति का महान उदाहरण माना जाता है।

    अपने पिता हिरण्यकशिपु के विरोध और अत्याचार के बावजूद प्रह्लाद भगवान नारायण का स्मरण नहीं छोड़ते। उनकी रक्षा के लिए भगवान नृसिंह अवतार धारण करते हैं और धर्म की स्थापना करते हैं।

    प्रह्लाद की कथा भक्त को परिस्थितियों से ऊपर उठकर ईश्वर में विश्वास बनाए रखने की प्रेरणा देती है।